नई दिल्ली | 10 अक्टूबर 2025 | दिल्ली के महाराष्ट्र सदन में, सत्रहवाँ डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम ग्लोबल अवार्ड्स समारोह संपन्न हुआ। दर्शकों से खचाखच भरे महाराष्ट्र सदन के इस सभागार का दृश्य देखने योग्य था।
भारत के “मिसाइल मैन” डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम की याद में, उनके जन्मदिन (15 अक्टूबर) से पाँच दिन पूर्व, अर्थात 10 अक्टूबर की संध्या को, हर वर्ष की भाँति इस वर्ष भी यह सफल आयोजन किया गया।
संयोगवश, इसी दिन करवाचौथ का त्यौहार भी मनाया गया, और आयोजकों ने देश की सभी बहनों को करवाचौथ की हार्दिक शुभकामनाएँ भी अर्पित कीं
मंच पर देशभर से आए हुए सुशांत और सोफी समाज के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। विशेष रूप से बॉलीवुड की उभरती हुई अभिनेत्री साई मंजीकर, जिन्होंने सदी के महानायक सलमान खान के साथ फिल्म दबंग 3 में अभिनय किया था, अपनी उपस्थिति से समारोह की शोभा बढ़ा रही थीं।
वे प्रसिद्ध निर्देशक, निर्माता और अभिनेता महेश मंजीकर की पुत्री हैं। उनकी मौजूदगी समारोह के आकर्षण का केंद्र रही।
इसके साथ ही बॉलीवुड के मल्टी-फेस्ड पर्सनैलिटी कहे जाने वाले रोहित वर्मा, जो फैशन डिजाइनर हैं और बिग बॉस के कंटेस्टेंट भी रह चुके हैं, उनकी उपस्थिति भी अत्यंत सराहनीय और देखने योग्य रही।
कार्यक्रम में सुप्रीम कोर्ट के मशहूर अधिवक्ता ए.पी. सिंह साहब ने अपने प्रभावशाली वक्तव्य से खचाखच भरे सभागार में तालियों की गूंज से समां बांध दिया।
इस भव्य आयोजन के मुख्य संयोजक डॉ. शमीम ए खान, रहे, जो परवाज़ मीडिया ग्रुप के चेयरमैन हैं। परवाज़ मीडिया ग्रुप की पूरी प्रबंधन टीम ने पूरे मनोयोग और समर्पण के साथ इस आयोजन को सफल बनाया।
देश और दुनिया के 25 विशिष्ट व्यक्तित्वों को डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम ग्लोबल अवार्ड और ब्रेवरी इंडिपेंडेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया। सम्मान प्राप्त करने वालों ने मंच पर अपनी खुशी और भावनाओं का उत्साहपूर्वक इज़हार किया।
इस समारोह के मुख्य आकर्षण रहे हिमाचल प्रदेश के डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (डीजीपी), आईपीएस श्री संजय कुमार जी, जिनकी उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ाया।
इसके साथ ही दिल्ली के सबसे अधिक वोटों से विजयी हुए आप विधायक एवं पूर्व डिप्टी मेयर दिल्ली श्री आले मोहम्मद इक़बाल की मौजूदगी भी अत्यंत सराहनीय रही।
अपने संबोधन में श्री आल इक़बाल ने कहा —
“जब आप किसी को सच्चे दिल से याद करते हैं, तो इस दुनिया से जाने के बाद भी लोग आपको याद करते हैं।”
उन्होंने डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम साहब के जीवन की सादगी, सत्यनिष्ठा और उनके जीवन दर्शन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि कलाम साहब की जीवनशैली हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
मंच पर प्रतिष्ठित धार्मिक और आध्यात्मिक हस्तियाँ भी उपस्थित रहीं —
आचार्य देवराज जी (काशी से), स्वामी विवेकानंद जी (हरिद्वार से), महंत अशोक जी (कालकाजी मंदिर, दिल्ली से), तथा चंद्रशेखर चंद्रदेव शर्मा जी, जो एक विख्यात संत एवं आध्यात्मिक गुरु हैं।
इनके साथ अंजलि जी, जो भारतीय जनता पार्टी, उत्तर प्रदेश की पूर्व सचिव हैं और भारत के पूर्व प्रधानमंत्री की शिष्या एवं उनकी मान्य बेटी की पुत्री हैं, अंजलि जी भी समारोह में उपस्थित थीं।
अपने ओजस्वी वक्तव्य से जनसमूह को मंत्रमुग्ध करने वाले प्रसिद्ध एडवोकेट ए.पी. सिंह जी भी मंच पर मौजूद थे।
इसके अतिरिक्त मुंबई की हाजी अली दरगाह के मुख्य मुफ्ती एवं प्रवक्ता मुफ्ती मंज़ूर ज़ियाई जी ने भी अपने प्रेरणादायक संबोधन में डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के जीवन और विचारों पर प्रकाश डाला।
“भारत की एकता और अखंडता को सर्वोपरि मानते हुए, हमारे देश की इसी भावना को आगे बढ़ाने पर आयोजक श्री शमीम ए. खान ने विशेष बल दिया। दूर-दराज़ से पधारे सभी पुरस्कार प्राप्तकर्ताओं का उन्होंने धन्यवाद ज्ञापित किया और उनसे यह भी कहा कि अब उन्हें और अधिक तत्परता एवं गति से कार्य करना होगा।
डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम को अपना आदर्श मानने वाले डॉ. खान ने कहा कि वे हमारे लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेंगे। यदि किसी एक व्यक्ति को सर्वधर्म-समानता का प्रतीक माना जा सकता है, तो वे डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम ही हैं — जिन्होंने हिंदू, मुस्लिम, जैन, बौद्ध आदि सभी धर्मों के अनुयायियों को एकता के सूत्र में बाँधा और हमारे हृदयों में सदा के लिए स्थान बनाया।
अंत में परवाज़ मीडिया समूह के सभी सदस्यगणों का आभार व्यक्त किया गया तथा उपस्थित जनसमूह का भी धन्यवाद किया गया। राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। धन्यवाद।”
